Friday, 21 December 2012

दूसरों के मन में की बात जानें

                     
   दूसरों के मन की बात कैसे जानें ?

          किसी के मन में क्या है, सामने वाला क्या सोंच रहा है। अच्छा सोंच रहा है या गलत सोंच रहा है? इसकी जानकारी हमें होनी चाहिए। यदि ऐसा होता है तो अपनी रक्षा के लिए पहले से हम  सावधान हो सकते हैं। आगे के कार्यों के लिए सही कदम उठा सकते हैं और  ऐसा ज्ञान, ऐसी जानकारी हम प्राप्त कर सकते हैं। किसी के भी मन को आप टटोल सकते हैं। उसके मन को संचालित कर सकते हैं अपने रिमोट पर।
        
           सी ज्ञान जानकारी की उपलब्धि के लिए शास्त्रों  में अनेक विधियाँ है। जिसमे योग, त्राटक, तंत्र, मंत्र, इत्यादि। इसी में टेलीपैथी एक  विधि है जिसके द्वारा हम ऐसी उपलब्धि हासिल कर सकते हैं। टेलीपैथी एक  ऐसी  साधना या प्रयोग विधि है जिसका अभ्यास कर मेधावी ओर त्रिकालदर्शी तक बना जा सकता है। इसके द्वारा नजदीक या दूर दराज बैठे  व्यक्ति के मन मैं क्या चल रहा है जान  सकते हैं। 
           
          बड़ा ही दिलचस्प विषय है इसके द्वारा लोगों के मन में  झांक सकते हैं। दूसरों के मन की बात जान  लेने के लिए मंत्र विधि भी है, तंत्र विधि भी है जो कुछ जटिल माना  जाता है। किन्तु आज के वैज्ञानिक युग में एक  ऐसी प्रेक्टिकल अभ्यास विधि है जो कुछ विशेष सामग्रियों  के माध्यम से संपन्न की जाती है। और  इसमें पूरी सफलता भी मिल जाती है। हमारे विचार से यह विधि सभी के लिए सहज है।   क्योंकि इसका नियम पूर्वक अभ्यास कर पहले अपने खुद के मन को कंट्रोल में  किया जाता है। उसके बाद तो दूसरे  के मन को कंट्रोल आसानी से किया ही जा सकता है। 
           
        मन एक  चंचल तत्व  है  इसे स्थिर रहना आवश्यक है। स्थिर रहेगा तभी हम इच्छा शक्ति के माध्यम से किसी के भी मन को  हस्तक्षेप कर सकते हैं। अभ्यास के बाद आप साधारण नहीं रह जाते, आपके अन्दर असाधारण चुम्बकीय तरंगे  तैरने लग जाती है कि,  जिधर भी नजर जाए उधर की पूरी स्थिति स्पष्ट  समझ में आ जाए। कोई आपको देख रहा है तो वह बोले न बोले, आप समझ जाते है कि,  वह क्या सोंच रहा है। कैसी भावना से आपको  देख रहा है। अतः सही अभ्यास से किसी भी प्राणी को दास या दासी बनाया जा सकता है इसमें कोई संदेह नहीं। 
            
        किसी के भी मन की बात  उगलवाया जा सकता है। रहस्य की बातें पूछी जा सकती है। उसे सही मार्गदर्शन दिया जा सकता है। उसकी गलत आदतों को सुधारा  जा सकता है। अर्थात सामने वाले से अपनी बात मनवाई जा सकती है। ऐसा होना या करना किसी भी प्रकार से असामाजिक नहीं है। क्योंकि ऐसी शक्ति और  पावर तो प्रकृति ने पहले से मनुष्य को दे रखी है, जो अज्ञानता के कारण कोई इस्तेमाल नहीं कर पाता। इसके विस्तार की व्यवस्था आपने ही ख़राब कर दिया है। आप भूल चुके है कि, ऐसा भी हो सकता है। किन्तु ये सत्य है कि , ऐसा होता आया है और  ऐसा निश्चित हो सकता है। 
           
       जिस प्रकार अस्त्र शस्त्रों पर भी धार लगाते रहने की जरुरत होती है, उसी प्रकार अपने अन्दर की साधारण उर्जा तरंगों को भी अभ्यासों के द्वारा पावरफूल  बनाया जाता है और यह एकाग्रता पूर्ण  अभ्यास से ही संभव होता है। जब आप अभ्यास शुरू  करते है तो कुछ खाश-खाश बातों पर ध्यान रखते हुए उसे जारी  रखना होता है। अर्थात अभ्यासकाल के दौरान विचारों में, बातों, में, व्यवहार में, वस्त्रों  में, खान-पान में, सादगी रखनी होती है। यह ध्यान रखते हैं तो आपके अभ्यास में सुगमता आती है। आप जल्दी पारंगत होते हैं। यह एक प्रेक्टिकल विज्ञानं है, जिसमें संदेह की कोई गुन्जाईस नहीं। मात्र 33 दिन में आप इसी अभ्यास की बदौलत  साधारण व्यक्ति से व्यक्तित्व  बन चुके होते हैं। 

अभ्यास  सामग्री -

1-      क्रिस्टल बाल। 
2-      शक्ति चक्र। 
3-      मनोकामना यन्त्र।
4-      इक्चापुर्ती कवच। 

          इन चार शुद्ध और सिद्ध सामग्रियों  के द्वारा दुनिया का कोई भी पुरुष/स्त्री,  युवक/युवती इसका नियम पूर्वक अभ्यास कर दूसरों के मन की बातें आसानी से जान सकते हैं और  दूसरों के मन को अपने हिसाब से संचालित भी कर सकते है। मन को अपने कंट्रोल में करने की यह विधि सर्वथा गोपनीय किन्तु सहज है। इस सम्बन्ध में विस्तार से जानकारी के लिए हमें फोन करके प्राप्त कर सकते हैं।     
                                                       हमारा जीमेल एड्रेस ashokbhaiya666@gmail.com
(अपना नाम पता हमारे फोन नंबर पर SMS मैसेज कर दें ताकि समय समय पर  आवश्यक जानकारी दी जा सके तथा फेसबुक पर हमसे जुड़ने के लिए अपना फेसबुक खोले और सर्च बॉक्स में Ashok Bhaiya टाइप करके हमारे प्रोफाइल से एक दो मैटर शेयर क्लिक कर दें) 
                                                                               अशोक भैया     +91 9565120423

9 comments:

  1. Namshkaar ji
    Aapke lekh padhe..bahut acche or durlabh vishay par jaankaari pradan karne ke liye bahut bahut.dhanywad

    Plzz sir
    kundlini kriya ke baare me vistaar se batane ka ksht kare...Ya koi or aisi vidhi jisse hum apne jeevan chkro ko jagrit kr sake


    Ashishmittal1991@Gmail.com

    ReplyDelete
    Replies
    1. This comment has been removed by the author.

      Delete
    2. This comment has been removed by the author.

      Delete
    3. इसका घर बैठे कोर्स होता है. इस कोर्स में सम्मोहन, वशीकरण, कुंडलिनी जागरण और टेलीपैथी का ज्ञान मार्गदर्शन दिया जाता है. आप हमारे फेसबुक पेज से जुड़कर लाभ उठाइये या अन्य जानकारी के लिए हमें फोन कर लीजिये. 9565120423

      Delete
  2. Ashok ji mai Apsara vashikarn karna chahta hu karpya iski vidi batave

    ReplyDelete
  3. This comment has been removed by the author.

    ReplyDelete
  4. bhai saab yeh samgri kitne ki hai

    ReplyDelete
  5. आप हमारे फेसबुक पर आयें. आपका स्वागत है., - अशोक भैया - 9565120423

    ReplyDelete
  6. This comment has been removed by a blog administrator.

    ReplyDelete